बड़ी ख़बरें

बीजेपी हेडक्वार्टर लाया गया वाजपेयी का पार्थिव शरीर, शाम 4 बजे होगा अंतिम संस्कार अटल बिहारी वाजपेयी के सम्मान में सुप्रीम कोर्ट में आज 1 बजे तक ही होगा कामकाज 7 दशक तक लखनऊ की 'रगों' में 'बहते' रहे अटल, हर सड़क पर बिछी हैं यादें अटल जी के निधन के शोक में आज यूपी में सार्वजनिक अवकाश, बाजार भी रहेंगे बंद पाकिस्‍तान भी होगा अटल जी के अंतिम संस्‍कार में शामिल, यह नेता करेगा शिरकत भारत-पाक संबंधों के सुधार के लिए वाजपेयी जी के प्रयासों को हमेशा याद किया जाएगा : इमरान खान पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी का निधन, शोक में डूबा देश एम्स में पूर्व PM वाजपेयी को देखने पहुंचे वेंकैया नायडू-अमित शाह, हालत बेहद नाजुक अटल बिहारी वाजपेयी को देखने AIIMS पहुंच सकते हैं सीएम योगी आदित्यनाथ देवरिया शेल्‍टर होम: SP देवरिया के साथ हटाए गए CO सदर, विभागीय जांच के आदेश

यूपी पुलिस को मिला 'त्रिनेत्र', एक क्लिक पर बताएगा गिरफ्तार शख्स का अापराधिक इतिहास

लखनऊ, उत्तर प्रदेश पुलिस ने कानून व्यवस्था को और मजबूत करने की दिशा में एक कदम और बढ़ा दिया है. पुलिस की तरफ से एक पुलिस एप्लीकेशन 'त्रिनेत्र' को तैयार किया गया है. जिसमे हर अपराधी का डिजिटल डेटा सिक्योर रहेगा. इस एप्लीकेशन का इस्तेमाल किसी भी घटना में गिरफ्तार शख्स की पहचान परखने में किया जाएगा. ताकि एक क्लिक पर ये पता चल सके कि गिरफ्तार शख्स का आपराधिक इतिहास क्या रहा है?

दरअसल उत्तर प्रदेश के डीजीपी ओपी सिंह ने जिलों के कप्तानों, प्रभारी जनपदों को अपराधियों के डिजिटल आॅनलाइन डोजियर बनाने के निर्देश दिये थे ताकि संदिग्धों के पकड़े जाने के बाद उस डाटाबेस से उसका मिलान कर यह पता किया जा सके कि अपराधी की वास्तविक पहचान एवं उसका आपराधिक इतिहास क्या है? वह अपराधी गिरफ्तारी से पूर्व किन-किन जनपदों एवं अपराधों में जेल भेजा जा चुका है.

डीजीपी की मंशा थी कि पुलिस का मुख्य कार्य अपराधों की रोकथाम एवं कारित अपराधों में अपराधियों को प्रचलित कानून के अनुसार सजा दिलाने का है. पुलिस की कार्य कुशलता का आंकलन आम जनमानस द्वारा संगठित अपराधों की रोकथाम और ऐसे तत्वों पर प्रभावी कार्यवाही द्वारा ही किया जाता है, साथ ही साथ इसका अच्छा प्रभाव अपराध नियंत्रण पर पड़ता है.

डीजीपी के निर्देशों के बाद मुख्यालय की तरफ से अपराधियों के डिजिटल आॅनलाइन डोजियर बनाने के लिए 'त्रिनेत्र' नाम की पुलिस मोबाइल एप्लीकेशन विकसित की गई है.  इसके तहत सभी जिलों में लूट/डकैती, नकबजनी, वाहन चोरी, चेन स्नेचिंग व आर्थिक अपराधों आदि में संलिप्त अपराधियों के ​डिजिटल डोजियर को आनलाइन भरे जाने के लिए जिला मुख्यालय स्तर पर एक अपर पुलिस अधीक्षक, क्षेत्राधिकारी अपराध, प्रभारी डीसीआरबी, 2 कम्प्यूटर आॅपरेटर और 2 आरक्षी की नियुक्ति के निर्देश दिये गये हैं.

साथ ही इस एप्लीकेशन को चलाने में आने वाली किसी भी तकनीकी समस्या के लिए पुलिस महानिरीक्षक, अपराध, पुलिस अधीक्षक और एएसपी के साथ 1 इंस्पेक्टर और एक दरोगा व एक आरक्षी को जिम्मेदारी दी गई है.

खबर हटके | और पढ़ें


लखीमपुर खीरी, आपने पुलिस का असलहा गुम होते सुना होगा. वर्दी चोरी होते हुए सुनी होगी. गहने पैसे चोरी करते सुना होगा, पर पुलिस की पगार गुम होने की खबर...

आगरा, उत्तर प्रदेश के आगरा में सड़क निर्माण में भयंकर लापरवाही का मामला सामने आया है. यहां कंस्ट्रक्शन कंपनी के कर्मचारियों ने एक सोते हुए कुत्ते के ऊपर ही सड़क बनवा दी. गर्म चारकोल और कंक्रीट की वजह से कुत्ते की मौके पर ही जान चली गई. पुलिस ने कंस्ट्रक्शन...

फैजाबाद, फैजाबाद जिला अस्पताल की एक तस्वीर हम आपको दिखाते हैं जिसको देखकर आपको लगेगा कि मानवों में भले ही मानवता कम होती जा रही है लेकिन मवेशियों में मानवता अभी भी बरकरार है. फैजाबाद जिला अस्पताल के जनरल वार्ड के सामने पड़े एक घायल पर आने जाने वाले लोगों...

वीडियो | और पढ़ें


Copyright © 2017 Indian Live 24 Limited.
Visitors . 21671